राजस्थान में नोह सभ्यता

mygkbook पिछली पोस्ट में हमने आप को नगर सभ्यता के बारे में जानकारी प्रदान की थी इस पोस्ट में हम आप को राजस्थान में नोह सभ्यता ( noha sabhyata ) के बारे में जानकारी देंगे।

नोह सभ्यता

नोह सभ्यता राजस्थान के भरतपुर जिले में है, नोह सभ्यता वर्ष 1963- में रतनचंद्र अग्रवाल के निर्देशन में यहाँ पर उत्खनन कार्य किया गया। नोह सभ्यता रेडियो कार्बन तिथि के अनुसार इस सभ्यता का समय 1100 ई.पू. से 900 ई.पू. माना जाता है।

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  • नोह सभ्यता से उत्खनन में विशालकाय यक्ष प्रतिमा तथा मौर्यकालीन पॉलिश युक्त चुनार के चिकने पत्थर से टुकड़े प्राप्त हुए हैं।
  • नोह सभ्यता से प्राप्त एक पात्र पर ब्राह्मी लिपि में लेख अंकित है।
  • यह एक लौहयुगीन सभ्यता है तथा यहाँ से प्राप्त भांड काले तथा लाल वेयर युक्त है।
  • नोह सभ्यता पर एक ही स्थान से 16 रिंगवेल प्राप्त हुए हैं।
  • नोह सभ्यता से 5 सांस्कृतिक युगों के अवशेष मिले हैं।
  • नोह सभ्यता से लौहे के कृषि संबंधी उपकरण एवं चक्रकूपों के अवशेष प्राप्त हुए हैं।
  • नोह सभ्यता के निवासी मकान बनाने के लिए पक्की ईंटों का प्रयोग करते थे।
  • नोह सभ्यता से कुषाण नरेश हुविस्क एवं वासुदेव के सिक्के प्राप्त हुए है।
  • नोह से ताम्र युगीन, आर्य युगीन एवं महाभारत कालीन सभ्यता के अवशेष प्राप्त हुए हैं।

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1 thought on “राजस्थान में नोह सभ्यता”

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