राजस्थान की गिलूण्ड सभ्यता

my gk book की पिछली पोस्ट में हमने आप को आहड़ सभ्यता के बारे में विस्तार से जानकारी दी थी। इस पोस्ट में हम आप को राजसमंद में स्थित गिलूण्ड सभ्यता के बारे विस्तार से जानकारी देंगे।

गिलूण्ड सभ्यता

गिलूण्ड सभ्यता राजस्थान के राजसमंद जिले में स्थित है इस सभ्यता को ताम्रयुगीन सभ्यता भी कहते है। यह राजसमन्द जिले में बनास नदी के तट पर स्थित है। राजसमंद में स्थित ‘मोडिया मगरी’ नामक टीले का संबंध गिलूण्ड सभ्यता से है।

26 जनवरी की ऐसी शुभकामनायें नहीं देखि होंगी| यहाँ क्लिक करके देखो

26-january-2023
  • गिलूण्ड सभ्यता को वर्ष 1957-58 में बी. बी. लाल द्वारा यहाँ पर उत्खनन कार्य करवाया गया।
  • गिलूण्ड सभ्यता में पक्की इटाें के प्रयोग के साक्ष्य प्राप्त होते हैं।
  • गिलूण्ड सभ्यता में उत्खनन से ताम्रयुगीन सभ्यता एवं बाद की सभ्यताओं के अवशेष मिले हैं।
  • गिलूण्ड सभ्यता में आहड़ सभ्यता का प्रसार था तथा इसी के समय यहाँ मृदभांड, मिट्‌टी की पशु आकृतियां आदि के चित्र मिले हैं।
  • गिलूण्ड सभ्यता में मृदभांडो पर ज्यामितीय चित्रांकन के अलावा प्राकृतिक चित्रांकन भी किया गया है।
  • गिलूण्ड सभ्यता में उच्च स्तरीय जमाव में क्रीम रंग एवं काले रंग से चित्रित पात्रों पर चिकतेदार हरिण प्रकाश में आए हैं।
  • गिलूण्ड सभ्यता में लाल एवं काले रंग के मृदभाण्ड मिले हैं।
Spread the love

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!